देहरादून। देहरादून के वसंत विहार थाने में अंकिता भंडारी मामले के कथित वीआईपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई पद्मभूषण से सम्मानित पर्यावरणविद डॉ. अनिल प्रकाश जोशी की शिकायत पर की गई, जिसे उन्होंने पुलिस महानिदेशक को सौंपा था।
इस बीच, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को अंकिता भंडारी प्रकरण की सीबीआई जांच की सिफारिश कर दी है। अब इस पर अंतिम निर्णय केंद्र सरकार को लेना है। इससे पहले अंकिता के माता-पिता ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर मामले की सीबीआई जांच की मांग की थी। मुख्यमंत्री ने उनसे बातचीत के बाद उनकी भावनाओं के अनुरूप निर्णय लेने का भरोसा दिलाया था।
गौरतलब है कि सितंबर 2022 में अंकिता भंडारी की हत्या के मामले में एसआईटी जांच के बाद अदालत ने तीन आरोपियों को दोषी ठहराते हुए उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। हालांकि, हाल ही में इस प्रकरण से जुड़ा एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें कुछ नेताओं के नाम सामने आने का दावा किया गया। इसके बाद मामला फिर से सुर्खियों में आ गया और सियासी हलचल तेज हो गई।
