देहरादून: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने उत्तराखंड के सिमकनी में आयोजित कांग्रेस की जनसभा को फोन के माध्यम से संबोधित करते हुए केंद्र सरकार पर कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा। खराब मौसम के कारण वह सभा स्थल तक नहीं पहुंच सके और दिल्ली से ही कार्यकर्ताओं व जनता को संबोधित किया।
अपने संबोधन में राहुल गांधी ने केंद्र की विदेश नीति पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि मोदी सरकार अमेरिका के दबाव में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि भारत की विदेश नीति पर बाहरी प्रभाव बढ़ता जा रहा है और अमेरिका यह तय करने की कोशिश कर रहा है कि भारत किस देश से तेल खरीदे और किससे नहीं।
राहुल गांधी ने शिक्षा और कृषि क्षेत्र की स्थिति को लेकर भी सरकार की आलोचना की। उनका कहना था कि वर्तमान नीतियों के चलते देश की शिक्षा व्यवस्था और कृषि क्षेत्र संकट का सामना कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियां आम जनता और किसानों के हितों की बजाय कुछ चुनिंदा लोगों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से बनाई जा रही हैं।
जीएसटी को लेकर भी कांग्रेस नेता ने केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि गलत तरीके से लागू की गई जीएसटी व्यवस्था के कारण छोटे व्यापारियों को भारी नुकसान हुआ है। इससे अनेक छोटे कारोबार बंद हो गए, रोजगार के अवसर कम हुए और व्यापार कुछ बड़े उद्योगपतियों तक सीमित होकर रह गया।
राहुल गांधी ने अपने संबोधन के अंत में अल्मोड़ा की जनता और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आश्वस्त किया कि वे जल्द ही उनके बीच पहुंचेंगे। इसके बाद उन्होंने अपना भाषण समाप्त किया।
सभा में मौजूद कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा ने खराब मौसम के चलते राहुल गांधी के दौरे के रद्द होने की आधिकारिक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राहुल गांधी फोन के माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े हैं। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, विधायक सुमित हृदयेश, मनोज तिवारी, यशपाल आर्या, प्रीतम सिंह, भुवन कापड़ी और हरीश धामी समेत कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता मौजूद रहे।
