बरेली : घर के अंदर चल रहे कथित ‘फर्जी डॉक्टर’ के कॉल सेंटर का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। इज्जतनगर थाना क्षेत्र की राजीव एन्क्लेव कॉलोनी में छापेमारी के दौरान पुलिस ने फर्जी तरीके से शक्तिवर्धक दवाएं तैयार कर ऑनलाइन बेचने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। मौके से बड़ी मात्रा में दवाएं, पैकिंग सामग्री, कंप्यूटर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के साथ करीब दो लाख रुपये नकद बरामद हुए हैं।
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पुलिस के मुताबिक कॉलोनी के एक मकान में तीन लोग कॉल सेंटर चला रहे थे। आरोप है कि वे खुद को डॉक्टर बताकर फर्जी लाइसेंस दिखाते और सोशल मीडिया पर विज्ञापन के जरिए लोगों को शक्तिवर्धक दवाओं के नाम पर झांसा देते थे। पुलिस की छापेमारी के दौरान एक आरोपी मौके से फरार हो गया, जबकि 24 वर्षीय समीरउद्दीन और 25 वर्षीय यूसुफ को गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी सहारनपुर और मुरादाबाद से सामान मंगाते थे। इसके बाद इंस्टाग्राम पर ‘हर्बल हेल्थ जड़ीबूटी’ नाम से आईडी बनाकर खुद को डॉक्टर बताते और फर्जी विज्ञापन के जरिए ग्राहकों से संपर्क करते थे। पुलिस के अनुसार बाजार से लाए गए सामान को कैप्सूल में भरकर फर्जी फर्म के नाम से पैक किया जाता था और फिर उसे मोटे मुनाफे पर बेचा जाता था।
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छापेमारी में पुलिस ने 12 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, छह कंप्यूटर सेट, आठ मॉनिटर, प्रिंटर, स्कैनर, छह सीपीयू, दो बिल प्रिंटर, 85 पैकेट दवाएं, पैकिंग सामग्री, दस्तावेज और 1.99 लाख रुपये बरामद किए। इसके अलावा एटीएम, आधार कार्ड, पैन कार्ड और कथित तौर पर कूटरचित लाइसेंस भी मिला है।
एसपी सिटी मानुष पारीक के मुताबिक आरोपी एक पैकेट को करीब 200 से 250 रुपये में बेचते थे। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश के साथ पूरे नेटवर्क और दवाओं की सप्लाई से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है। मामले में आगे की जांच जारी है।

